तो ये खेल खेला था आर्य ने स्वामी की यादों के साथ छेड़ छाड़ करके ताकि किसी को ये ना पता चले कि आर्य ने सेकंड लाइन प्रहरी को हरा दिया। ऊपर से सामान को ले कर क्या सही प्लान किया कि स्वामी के आदमी ने समान बेचा और उस आदमी ने आगे जा कर बेचा। ये साले लोकल में ढूंढ रहे है और अपना हीरो इंटरनेशनल हो गया।
अब तो इनके फरिश्ते भी पता नही कर पाएंगे की आर्य कहां गया क्योंकि इन्होंने भी नही सोचा होगा की आर्य शिप से निकलेगा। थोड़ा बुरा पलक के लिए लगा कि अपने परिवार की साजिशो में उसकी खुशियां स्वाह हो गई। मगर क्या करे अब गेंहू के साथ घुन भी पीसता है और पलक वो ही घुन है मगर अब वो आर्य के लिए एक शक्तिशाली दुश्मन बनने जा रही है।
सीक्रेट प्रहरी अब आर्य के साथ स्वामी के भी पीछे पड़ेंगे और इस तरह आर्य भूमि का बदला ले लेगा स्वामी से। अब ये बात भी क्लियर हो गई की आर्य के दादा को भी इसी सीक्रेट प्रहरी ने निकाला था वर्ना वो इनके लिए बहुत ही शक्तिशाली दुश्मन बन जाते। मीनाक्षी ने जिस तरह आर्य की मृत्यु के लिए बोला उससे ये भी पता चल गया की ये लोग इंसानों को श्रेणी से नीचे गिर कर जानवर बन चुके है जिनके लिए शक्ति और अपने अस्तित्व के आगे कोई मायने नहीं रखता।
क्या आर्य अपने को इन लोगो से टक्कर लेने लायक खुद को और अपने अल्फा पैक को बना पाएगा? किस वजह से इन लोगो ने आर्य की मां, भूमि और नम्रता को इस ग्रुप में शामिल नहीं किया जबकि पलक को शामिल कर लिया? क्या ये लोग किसी विशेष इंसान के वंशज है जो अनुवांशिक गुण ले कर पैदा होते है सीक्रेट प्रहरी बनने के लिए? बहुत ही खतरनाक अपडेट
nain11ster भाई।