शालिनी ये बोल कर आंखे बंद कर ली और लंबी लंबी सांस लेने लगी तो में समझ गया कि वो पिघल गई पर में खुद को कंट्रोल किया ताकि सुनीता भाभी की कही बात पूरी हो ।
मैने बाकी बचा पेग पूरा उठाकर गटक लिया तो शालिनी ने मुझे देखा और उठ कर बाथरूम में भाग गई। में समझ चुका था कि उसकी पेन्टी भीग चुकी थी और वो बदल कर आएगी ।
वापस आकर उसने एक पेग बनाया और खुद ही पूरा एक सांस में पी गई और मुस्करा कर किचन में चली गई तो में भी टीवी देखने लगा और खाना खाकर दूध पिया तो शालिनी बिस्तर पर गिर के सो गई ।
में उसे बिना बोले ही सो गया मुझे पता था कि वो नशे में है और उसे नींद आ रही होगी ।
दूसरे दिन में उसे नींद से जगाया तो वो बोली ,-- भैया आज में एक्सरसाइज नहीं करूंगी आप अकेले ही कर लीजिए ।
उसके बाद दो दिन तक वो मुझसे आंख नहीं मिलाई तो शनिवार को में बैंक मैनेजर के घर पहुंचा शालिनी को कॉलेज छोड़कर ।
बैंक मैनेजर जिसका नाम सौरभ सिंह था और वो बहुत महंगी कॉलोनी में बंगला बना रखा था । मैने डोरबेल बजाई तो एक खूबसूरत कमसिन लौंडिया ने गेट खोला जो फ्रॉक पहने थी और वो अभी छोटे आम की टिकोरो को फ्रॉक में छुपाये थी ।
…
लड़की मीठी आवाज में ,-- बोलिए भैया ।
में ,-- पापा है क्या घर में ।
लड़की ,-- जी , आइए में उनको बुलाती हूं ।
में बाहर बड़े से बैठक रूम में बैठ गया तो दो मिनट बाद एक शानदार मर्द निकला जो घर की ड्रेस में था और में फोटो देखते ही पहचान गया कि यही है मेरी मां की मांग भर कर उसे रन्डी की तरह चुदाई करने वाला मर्द ।
में उन्हें देखकर बोला ,-- नमस्ते अंकल।
सौरभ सिंह ,-- नमस्ते बेटा, बोलो ।
में उन्हें अपने गांव और मां का नाम बताया तो उनके माथे पर पसीना आ गया और बड़ी नरम आवाज में बोले ,,-- यहां का एड्रेस किसने दिया ।
में ,-- अंकल , इस्क और मुश्क छुपाए नहीं छिपते ।
मैने अंकल को मां और उनकी फोटो भेजी जिसमें वो मां को चूम रहे थे ।
…
अंकल मुझे कुछ करते देख रहे थे तो उनका मैसेज टोन बजा और वो फोन देखे तो फोटो देख कर मुझे देखने लगे उनके चेहरे पर अब पसीना था जिसे वो रुमाल से साफ किया तो में बोला ।
मैंने फिर एक और फोटो भेजी जिसके मां के एक तरफ सौरभ अंकल और दूसरी तरफ एक और अंकल थे
…
अंकल उस फोटो को देखकर पूरे हिल गये और मुझे भयभीत नजरों से देखने लगे
में मुस्करा के ,-- अंकल इतना डरने की जरूरत नहीं है । में आपसे अभी नॉर्मल बात ही करने आया हूं ।
अंकल ने मुझे इशारे से सर्वेंट क्वार्टर में आने को कहा और में बाहर निकल कर उनके पीछे आया तो बंगले के बाहर हम सर्वेंट क्वार्टर में आकर बैठ गए ।
सौरभ सिंह,-- ड्रिंक करते हो।
में ,-- जी अंकल ।
अंकल ने वहां रखे फ्रिज से महंगी वाइन निकाली और दो पेग बनाते हुए कहा ,- तुम्हे ये फोटो कहा से मिली।
में ,-- अंकल ,आप मेरी मां को चार चार लोग मिलकर सेक्स करते हो तो कितने दिन तक ये राज छिपेगा।
अंकल ,-- बेटा अब तुम सब जानते ही हो तो में तुमसे कुछ नहीं छिपाऊंगा । में तेरी मम्मी से प्यार करने लगा हूं ।
में ,-- पर ये कैसा प्यार है जिसमें कैशियर अंकल , अकाउंटेंट अंकल और पियोन तक सब शामिल है ।
सौरभ अंकल मुझे पेग देकर ,- ये हम दोनों की सहमति से हुआ है दो तीन बार और उसमें सरोजनी ने ही पहल की थी ।
में ,- वो सब तो बाहर के है पर पियोन तो लोकल है कल को वो किसी ओर को बोल दिया तो ।
सौरभ अंकल,-- मेरे रहते तो बोल नहीं सकता अब आगे का कौन जानता है ।
में ,-- आप सच में प्यार करते हो मम्मी से या फिर खेल कर छोड़ देना है उनको ।
सौरभ अंकल,-- अगर सच्चा प्यार नहीं होता तो में उसकी मांग नहीं भरता और वो भी मुझे पति की तरह ट्रीट नहीं करती ।
में ,-- पर आप तो तीन साल बाद ट्रांसफर होकर दूसरे शहर चले जाएंगे ।उनका क्या होगा ।
सौरभ अंकल,-- में उसी के लिए अभी आया हूं में उसको भी यही ले आऊंगा और उसके लिए मैने पीछे वाला बंगला ऑलरेडी खरीद रखा है ।
में ,-- इतना प्यार करते हो आप मां से ।
सौरभ अंकल,-- सरोज ने मुझे तीन साल में वो सुख दिया है जो मेरी पत्नी भी नहीं दी ।
में ,-- अंकल मुझे मेरी मां की खुशी चाहिए बस । वो पिताजी की मौत के बाद टूट गई थी ।
सौरभ अंकल,-- में अभी अगर किसी से प्यार करता हूं तो वो सरोज है उसके लिए में अपनी बीबी को तलाक भी देना चाहता था पर सरोज ने मना कर दिया ।
में ,-- पर अभी जिंदगी बहुत लंबी है ऐसे कितने दिन चलेगा ।
सौरभ अंकल,-- मेरी बीबी को में अभी तलाक दे दूं पर बेटी की वजह से सोचना पड़ता है ।
में ,-- आप तलाक मत दीजिए अंकल । वैसे भी अब आपको कौनसे बच्चे पैदा करने है । आप मम्मी के साथ वैसे ही संबंध बनाए रखिए और उन्हें आप यह ले आइए । वरना आगे मां को परेशानी हो जाएगी ।
सौरभ अंकल,-- पर वो तुम लोगों के साथ नहीं रहना चाहती क्योंकि वो अपनी लाइफ को खुल कर जीना चाहती है ।
में ,,-- पहले आप उनका ट्रांसफर करवाए फिर में आप दोनों के लिए रास्ता क्लियर कर दूंगा ।
सौरभ अंकल,-- ठीक है में मंडे को हेड ऑफिस जाकर उनके ट्रांसफर की व्यवस्था कर दूंगा । वैसे भी अभी लिस्ट निकल ही रही है ।
में ,,-- ठीक है अंकल ।
सौरभ अंकल – तुम उसी के लिए आए थे ।
में ,-- आया तो में उसी के लिए था पर इसमें मेरा कुछ भी फायदा नहीं होता दिख रहा ।
सौरभ अंकल,-- तुम्हे क्या चाहिए ।
में ,,-- अंकल आप मेरी मां के साथ एंजॉय करेंगे । मुझे क्या मिलेगा बदले में ।
सौरभ अंकल,-- तुम्हे क्या चाहिए ।
में ,-- अंकल में भी जवान हूं मेरी भी इच्छा होती है ।
सौरभ अंकल,-- तुम्हे स्वीटी पसंद आ गई क्या ।
में ,-- कौन स्वीटी ।
सौरभ अंकल,,-- मेरी बेटी जो गेट खोली थी ।
में ,-- वो अभी छोटी है ।
सौरभ अंकल,-- तुम उसका मोबाइल देख लो तो तुम्हे बड़ी लगेगी और अभी पता है ना गांव में रेड पड़ी थी तो स्कूल की लड़कियां होटल में मिली थी ।
में ,-- हां मैने सुना था ।
सौरभ सिंह,-- उस से छोटी लड़कियां गांव की पकड़ी गई थी । वो अब बच्ची नहीं है और स्कूल में किसी के साथ फंस जाएगी इसलिए तुम चाहो तो में उसके लिए व्यवस्था कर सकता हूं ।
में ,- मुझे उस से मिलाएंगे नहीं अंकल ।
सौरभ सिंह,-- चलो । मिल लो ।
में ,-- अंकल ये बात आप मां को मत बताना अभी ।
सौरभ अंकल,-- तुम भी इसका जिक्र किसी से मत करना ।
में ,-- ठीक है अंकल ।
हमने पेग खत्म किया और बंगले में आए तो अंकल ने मुझे अपनी बीबी से मुझे अपने दोस्त का बेटा बताया में अंकल की बीबी को देखा तो वो मुझे पसंद नहीं आई फिर अंकल ने मुझे अपनी बेटी से मिलवाया और मुझसे ट्यूशन पढ़ने की सलाह दी तो स्वीटी खुश हो गई ।
अंकल ने स्वीटी को मुझे अपना रूम दिखाने को कहा तो मैने देखा बहुत शानदार रूम था उसका । में स्वीटी का रूम देखकर उस से कुछ देर बात किया और उसका मोबाइल देखा तो उसकी डी पी देख कर ही मेरा लंड खड़ा हो गया । उसने बहुत सेक्सी फोटो अपने मोबाइल की कवर फोटो पर लगाई हुई थी ।
…
में स्वीटी से बहुत देर तक स्कूल की बात किया और उसे नजदीक से देखा तो मुझे उस कली का पराग पीने का मन हुआ और उसे ट्यूशन का बोलकर अंकल से मिलकर घर को निकला तो देखा अभी तो बहुत टाइम बाकी था इसलिए ऑफिस जाकर कुछ काम किया और फिर शाम को शालिनी को लेकर घर आया ।