SANJU ( V. R. )
Divine
माया सच बोल रही है। और यह भी सच है कि वो विक्रम से प्रेम भी करती है।
विक्रम ने इस संस्थान के बहुत से लोगों की हत्याएं की लेकिन यह भी नही भूलना चाहिए कि संस्था ने जानबूझकर ये सब हत्याएं होने दी। विक्रम सब समय संस्था के नजरों मे था और यदि चाहता तो कभी भी उसकी कत्ल करवा देता।
माया ने विक्रम का कोई नुकसान नही किया है। विक्रम अपने मां-बाप के कातिलों का बदला ले रहा था और उसके इस पुरे कार्य पर न तो माया ने कोई रूकावट डाली और न ही संस्था ने। बल्कि एक तरह से वो सी एम एस का मोहरा ही बन चुका था। अप्रत्यक्ष रूप से वो सी एम एस के हित मे ही कार्य कर रहा था।
मुझे लगता है माया को माफ कर देना चाहिए। माया की गलती यह थी कि उसे विक्रम को सारी सच्चाई पहले दिन से ही बता देनी चाहिए थी।
उसकी दूसरी गलती विक्रम के भावनाओं से खेलकर कि वो एक एक पुत्र का बाप भी है। यह उसकी बड़ी गलती थी। लेकिन यह सब ऐसा भी नही कि इस के लिए उसकी हत्या कर दी जाए।
अब तो मुझे ऐसा महसूस हो रहा है कि विक्रम भी शायद अंत मे मारा जाए ! उसके जीने की वजह और चाह जो समाप्त हो गई है। एक बार फिर से वो अकेला हो गया है।
बहुत ही खूबसूरत अपडेट शुभम भाई। आउटस्टैंडिंग अपडेट।
विक्रम ने इस संस्थान के बहुत से लोगों की हत्याएं की लेकिन यह भी नही भूलना चाहिए कि संस्था ने जानबूझकर ये सब हत्याएं होने दी। विक्रम सब समय संस्था के नजरों मे था और यदि चाहता तो कभी भी उसकी कत्ल करवा देता।
माया ने विक्रम का कोई नुकसान नही किया है। विक्रम अपने मां-बाप के कातिलों का बदला ले रहा था और उसके इस पुरे कार्य पर न तो माया ने कोई रूकावट डाली और न ही संस्था ने। बल्कि एक तरह से वो सी एम एस का मोहरा ही बन चुका था। अप्रत्यक्ष रूप से वो सी एम एस के हित मे ही कार्य कर रहा था।
मुझे लगता है माया को माफ कर देना चाहिए। माया की गलती यह थी कि उसे विक्रम को सारी सच्चाई पहले दिन से ही बता देनी चाहिए थी।
उसकी दूसरी गलती विक्रम के भावनाओं से खेलकर कि वो एक एक पुत्र का बाप भी है। यह उसकी बड़ी गलती थी। लेकिन यह सब ऐसा भी नही कि इस के लिए उसकी हत्या कर दी जाए।
अब तो मुझे ऐसा महसूस हो रहा है कि विक्रम भी शायद अंत मे मारा जाए ! उसके जीने की वजह और चाह जो समाप्त हो गई है। एक बार फिर से वो अकेला हो गया है।
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